बेंगलुरु स्थित ISRO हेडक्वार्टर को बम से उड़ाने की धमकी, मचा हड़कंप
बेंगलुरु। कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में स्थित भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) के मुख्यालय को बम से उड़ाने की एक सनसनीखेज धमकी मिली है। पुलिस सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, यह धमकी भरा संदेश एक ई-मेल के जरिए सीधे इसरो के चेयरमैन डॉ. वी. नारायणन के कार्यालय को भेजा गया था। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय पुलिस और बम निरोधक दस्ते (बम स्क्वाड) ने तुरंत मोर्चा संभालते हुए अंतरिक्ष केंद्र के मुख्यालय परिसर में सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया है।
परिसर में छानबीन, नहीं मिली कोई संदिग्ध वस्तु
धमकी भरे ई-मेल की सूचना मिलते ही सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह अलर्ट मोड पर आ गईं। पुलिस की आला टीमों के साथ बम निरोधक दस्ते ने इसरो मुख्यालय की सुरक्षा घेराबंदी की और चप्पे-चप्पे को खंगाला। खोजी कुत्तों और आधुनिक उपकरणों की मदद से पूरे परिसर की बारीकी से जांच की गई। राहत की बात यह रही कि कई घंटों की कड़ी मशक्कत और तलाशी के बाद भी परिसर के भीतर से कोई भी विस्फोटक या संदिग्ध सामग्री बरामद नहीं हुई है।
साइबर सेल सक्रिय, विदेशी कनेक्शन की भी जांच
इस बीच, बेंगलुरु पुलिस की तकनीकी और साइबर टीमें धमकी भरा ई-मेल भेजने वाले अज्ञात आरोपी की पहचान करने में जुट गई हैं। पुलिस अधिकारी इस बात की भी गहनता से जांच कर रहे हैं कि क्या यह मेल देश के भीतर से भेजा गया था या इसके पीछे किसी विदेशी सर्वर का हाथ है। इस हरकत के पीछे के मुख्य मकसद को खंगालने के लिए पुलिस की कई विशेष टीमें अलग-अलग पहलुओं पर काम कर रही हैं।
पहले भी आ चुके हैं ऐसे फर्जी धमकी भरे मेल
महत्वपूर्ण संस्थानों और प्रतिष्ठानों को इस तरह के डराने वाले ई-मेल मिलने का यह कोई पहला मामला नहीं है। बीते वर्ष देश की राजधानी दिल्ली के कई नामी स्कूलों को भी इसी तर्ज पर सामूहिक रूप से बम से उड़ाने की धमकियां दी गई थीं, जिससे हजारों बच्चों और अभिभावकों के बीच हड़कंप मच गया था। उन मामलों में भी व्यापक सुरक्षा जांच की गई थी, जिनमें डीपीएस द्वारका, कृष्णा मॉडल स्कूल और सर्वोदय विद्यालय जैसे प्रतिष्ठित संस्थान शामिल थे। पुलिस इन सभी मामलों के पुराने पैटर्न को ध्यान में रखकर भी मौजूदा तफ्तीश को आगे बढ़ा रही है।

निवाड़ी में विकास का नया अध्याय आरंभ हो रहा है: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
Stray Cattle on Roads: बैतूल की सड़कों पर मंडरा रहा बड़ा खतरा, राजगढ़ हादसे ने दी चेतावनी
Akhil Bharatiya Bhargava Sabha: देशभर के 120 प्रतिनिधियों ने बनाई रणनीति, जयपुर में होगा भार्गव सभा का वार्षिक अधिवेशन