Fake Stamp Bolero Fraud: सारणी (राष्ट्रीय जनादेश)। पुलिस द्वारा फर्जी स्टाम्प एवं कूटरचित दस्तावेजों के माध्यम से बोलेरो वाहन की धोखाधड़ीपूर्वक बिक्री करने वाले तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से वाहन एवं फर्जी दस्तावेज जब्त करने में महत्वपूर्ण सफलता प्राप्त की गई है। आरोपी ने वाहन को किराए पर लिया था और फिर फर्जी दस्तावेजों के सहारे उसे बेच दिया। 

पुलिस ने बताया कि 20 जून को फरियादी दीपक पिता राधेश्याम नागवंशी, उम्र 30 वर्ष, निवासी ग्राम कतिया कोयलारी थाना रानीपुर ने थाना सारणी में रिपोर्ट दर्ज कराई कि उसने 2 अगस्त 2025 को अपनी बोलेरो वाहन क्रमांक एमपी-39/सी-3231 को 500 रुपये के ई-स्टाम्प पर तैयार किरायानामा से 20 हजार रुपये प्रतिमाह के आधार पर तीन माह के लिए विक्की बारपेटे निवासी पाथाखेड़ा को किराये पर दिया था। बाद में जानकारी प्राप्त हुई कि आरोपी विक्की बारपेटे ने 100 रुपये के स्टांप पर फरियादी के फर्जी हस्ताक्षर कर कूटरचित  दस्तावेज तैयार किए तथा वाहन को धोखाधड़ीपूर्वक 2.50 लाख रूपये में निर्मल मंडल निवासी धरमपुर, थाना चोपना को बेच दिया। 

तीन आरोपियों को किया गया गिरफ्तार 

फरियादी की रिपोर्ट पर थाना सारणी में अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया। विवेचना के दौरान साक्ष्य संकलित कर 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। इनमें विक्की पिता देवराव बारपेटे उम्र 30 वर्ष निवासी सुभाष नगर पाथाखेड़ा, दिवाकर पिता राजेश यादव उम्र 25 वर्ष निवासी गणेश चौक शोभापुर और निर्मल मंडल पिता कनक मंडल उम्र 38 वर्ष निवासी धरमपुर थाना चोपना को गिरफ्तार किया गया है। 

जांच के दौरान बढ़ाई गई धाराएं 

पुलिस द्वारा आरोपी निर्मल मंडल के कब्जे से बोलेरो वाहन एवं फर्जी स्टांप जब्त किए गए हैं। विवेचना के दौरान प्रकरण में धारा 336(3) एवं 338 बीएनएस की बढ़ोत्तरी भी की गई है। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। इस प्रकरण में सराहनीय भूमिका थाना प्रभारी निरीक्षक जयपाल इनवाती के नेतृत्व में उप निरीक्षक सुनील गौर, प्रधान आरक्षक श्रीराम उईके, आरक्षक सुभाष मंडलोई, महेश भलावी, आनंद कसोटिया तथा साइबर सेल के दीपेन्द्र सिंह की रही।