Jamthi Fire Station: बैतूल (राष्ट्रीय जनादेश)। शहर के विभिन्न महत्वपूर्ण प्रोजेक्टों को मूर्त रूप देने के लिए सभी अड़चनें दूर करने के बीते दिनों विधायक और भाजपा प्रदेश हेमंत खंडेलवाल ने अधिकारियों को निर्देश दिए थे। यही कारण है कि इन प्रोजेक्टों की राह में जो परेशानियां आ रही थीं, उनका एक-एक कर हल होना शुरू हो गया है। इसी कड़ी में लंबे समय से जमीन के लिए इंतजार कर रहे अत्याधुनिक फायर स्टेशन के लिए जामठी में जमीन मिल गई है। अब जल्द ही इसका निर्माण कार्य शुरू होगा। फायर स्टेशन निर्माण का कार्य मध्यप्रदेश शहरी विकास कंपनी (एमपीयूडीसी) द्वारा करवाया जाएगा। 

एमपीयूडीसी द्वारा प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों और बड़े शहरों में अत्याधुनिक फायर स्टेशन बनाए जा रहे हैं। फायर स्टेशन के लिए शहर के बाहर ऐसी जगह चुनी जा रही है, जहां से शहर के भीतर हो या आसपास के ग्रामीण अंचल, सभी जगह फायर वाहन तेज रफ्तार के साथ पहुंच कर अपना काम कर सके। इससे नुकसान कम होगा। बैतूल जिला मुख्यालय पर भी लंबे समय से फायर स्टेशन स्वीकृत है। इसके लिए करीब 2 करोड़ रुपये की राशि भी नगर पालिका को मिल चुकी है। एमपीयूडीसी ने फायर स्टेशन का काम करने के लिए टेंडर भी कर लिए हैं। हालांकि, इसका निर्माण जिस जगह पर होना है, वह जगह ही अभी तक उपलब्ध नहीं हो पाई थी। 

पहले यहां बनाने की थी योजना 

पहले नगर पालिका की प्लानिंग गंज मोक्षधाम के बगल में लोक निर्माण विभाग की वर्कशॉप वाली जगह पर बनाने की थी। वहां समस्या यह आ गई है कि वहां पर वाटर पंप भी बन चुका है और संभवत: टीएनसीपी में यह जमीन आईएसबीटी के लिए रिजर्व बताई गई थी। इसके चलते दूसरी जगह की तलाश की गई। 

जामठी की जगह हुई फाइनल 

इसके लिए फिर कई स्थानों पर जमीन देखी गई, लेकिन जामठी की जमीन को सबसे उपयुक्त पाया गया। बताया जाता है कि राजस्व विभाग से यह 2 एकड़ जमीन नगर पालिका को फायर स्टेशन के लिए आवंटित भी कर दी गई है। जमीन मिलते ही एमपीयूडीसी ने भी अपनी प्रक्रिया तेज कर दी है। 

स्वाइल टेस्टिंग के लिए आएगी टीम 

जमीन फाइनल होने के बाद एमपीयूडीसी की टीम जल्द ही स्वाइल टेस्टिंग के लिए आएगी। संभावना जताई जा रही है कि लगभग एक सप्ताह में फायर स्टेशन का काम शुरू किया जा सकता है। जामठी में फायर स्टेशन बनने से केवल शहर ही नहीं बल्कि आसपास के ग्रामीण इलाकों में भी सूचना मिलते ही तेजी से फायर वाहन पहुंच सकेंगे। 

अभी पेश आती हैं यह दिक्कतें 

अभी नगर पालिका के फायर वाहन नगर पालिका परिसर में खड़े रहते हैं। वे पानी ज्योति टॉकीज के सामने वाली टंकी से लेते हैं। शहर के व्यस्त और भीड़ भाड़ वाले रास्तों से शहर से बाहर निकलने में ही फायर वाहन को काफी समय लग जाता है। जिससे आग से ज्यादा नुकसान होता है। बाहर फायर स्टेशन होने से यह समस्या खत्म हो जाएंगी। 

शहर में भी उपलब्ध रहेगी दमकल 

ऐसा नहीं है कि सारी दमकलें फायर स्टेशन में शहर के बाहर ही रहेंगी, बल्कि शहर के लिए एक फायर स्टेशन शहर के भीतर ही मौजूद रहेंगी। वहीं यदि ज्यादा दमकलों की भी जरुरत पड़ी तो जामठी पास में ही है और वहां से भी आसानी से दमकल वाहन आ सकेंगे। इससे सभी को खासी सहूलियत होगी। 

फायर स्टेशन में रहेंगी यह सुविधाएं 

फायर स्टेशन में दमकल वाहन, आग बुझाने वाले वाहन, पानी टैंकर, हाई-प्रेशर पंप, फोम टेंडर (तेल या रासायनिक आग के लिए), रेस्क्यू वाहन उपलब्ध रहेंगे। कंट्रोल रूम रहेगा, जिसमें 24 घंटे आपातकालीन कॉल रिसीव करने की व्यवस्था, बचाव एवं सुरक्षा उपकरण रहेंगे। इसके अलावा फायर ड्रिल ग्राउंड, मॉक फायर ट्रेनिंग क्षेत्र, प्रशिक्षण कक्ष, आपदा प्रबंधन प्रशिक्षण सुविधा भी रहेगी। वहीं कर्मचारियों के लिए ड्यूटी रूम, विश्राम कक्ष, कार्यालय सहित अन्य कई सुविधाएं रहेंगी।