चुनाव नतीजों के बाद बड़ा एक्शन, Ratna Ghosh पूछताछ के लिए तलब
बंगाल निकाय भर्ती घोटाला: मंत्री रथिन घोष की मुश्किलें बढ़ीं, चुनाव नतीजों के ठीक दो दिन बाद ED ने किया तलब
कोलकाता: पश्चिम बंगाल में करोड़ों रुपये के नगर निकाय भर्ती घोटाले की जांच अब राज्य के रसूखदार नेताओं के करीब पहुंच गई है। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने इस मामले में राज्य के खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री रथिन घोष को नया समन जारी किया है। केंद्रीय एजेंसी ने उन्हें पूछताछ के लिए अगले सप्ताह पेश होने का निर्देश दिया है।
6 मई को CGO कॉम्प्लेक्स में होगी पूछताछ
ED ने मंत्री रथिन घोष को 6 मई को कोलकाता के साल्ट लेक स्थित सीजीओ कॉम्प्लेक्स (CGO Complex) कार्यालय में उपस्थित होने को कहा है। गौरतलब है कि बंगाल में विधानसभा चुनाव के परिणाम 4 मई को आने हैं और इसके ठीक दो दिन बाद मंत्री को जांच एजेंसी के तीखे सवालों का सामना करना होगा।
चुनावी व्यस्तता का दिया था हवाला
इससे पहले भी प्रवर्तन निदेशालय ने घोष को दो बार नोटिस भेजे थे, लेकिन वे पेश नहीं हुए। मध्यमग्राम विधानसभा सीट से तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार के रूप में चुनाव लड़ रहे रथिन घोष ने उस समय चुनावी रैलियों और प्रचार का हवाला देते हुए जांच में शामिल होने से असमर्थता जताई थी।
जांच के घेरे में कई दिग्गज
इस घोटाले की आंच केवल रथिन घोष तक ही सीमित नहीं है।
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सुजीत बोस से पूछताछ: हाल ही में राज्य के अग्निशमन सेवा मंत्री सुजीत बोस भी तीन नोटिस टालने के बाद साल्ट लेक स्थित ED कार्यालय पहुंचे थे, जहाँ उनसे घंटों पूछताछ की गई।
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छापेमारी का दौर: जनवरी 2024 में रथिन घोष के आवास की तलाशी ली गई थी। वहीं, सुजीत बोस के ठिकानों पर भी अक्टूबर 2025 और जनवरी 2024 में छापेमारी की जा चुकी है।
अयान शील के जरिए खुला था राज
नगर निकाय भर्ती घोटाले का खुलासा उस समय हुआ था जब ED स्कूल भर्ती घोटाले की जांच कर रही थी। प्रमोटर अयान शील के ठिकानों पर हुई छापेमारी में ऐसे दस्तावेज मिले, जिसने इस नए घोटाले की परतें खोल दीं। कलकत्ता उच्च न्यायालय के आदेश के बाद अब सीबीआई (CBI) और ईडी (ED) दोनों एजेंसियां मिलकर इस भ्रष्टाचार की गहराई से जांच कर रही हैं।

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