बैतूल (राष्ट्रीय जनादेश)। आबकारी विभाग द्वारा शनिवार को किए गए शराब दुकानों के टैंडर के 23 वें चरण में जिले की चार अनसोल्ड दुकानों के टैंडर होने के बाद सभी 61 शराब दुकानों के टैंडर हो गए हैं। जिले में इस साल विभाग को शराब दुकानों के टैंडर से 283 करोड़ 95 लाख 32 हजार 414 रुपए का राजस्व प्राप्त हुआ है जो गत वर्ष की टैंडर राशि से 30 करोड़ 37 लाख 77 हजार 500 रुपए अधिक है। हालांकि विभाग द्वारा गत वर्ष की नीलामी राशि में 20 प्रतिशत राशि जोड़कर आफसेट प्राइस तय की थी। उक्त राशि 304 करोड़ से 20 करोड़ 33 लाख रुपए कम का राजस्व मिला है। जिले की सभी शराब दुकानों की नीलामी होने से आबकारी विभाग ने राहत की सांस ली है। 

जिला आबकारी अधिकारी डॉ. अंशुमन सिंह चढ़ार ने बताया कि जिले की 61 शराब दुकानों की नीलामी साल 2025-26 के लिए 253 करोड़, 57 लाख 54 हजार 919 रुपए में हुई थी। आबकारी विभाग द्वारा इस साल इसमें 20 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी कर आफसेट प्राइस तय की थी जिसके बाद जिे की 61 शराब दुकानों की आफसेट प्राइस बढ़कर 304 करोड़ 29 लाख 05 हजार 903 रुपए हो गई है। डॉ. चढ़ार ने बताया कि इस साल ई टैंडर एवं ई टैंडर कम ऑक्शन प्रक्रिया से टैंडर किए गए। 

टैंडर के 23 वें चरण तक जिले की सभी 61 शराब दुकानों के टैंडर हुए जिसमें अंतिम चार दुकानों के टैंडर आफसेट प्राइस से लगभग 65 फीसदी कम में हुए। इसके बावजूद जिले की सभी 61 शराब दुकानों के टैंडर 283 करोड़ 95 लाख 32 हजार 414 रुपए में हुए हैं जो आफसेट प्राइस से भले ही(6.69 फीसदी) 20 करोड़ 33 लाख 13 हजार 489 रुपए कम है लेकिन गत वर्ष की नीलामी राशि से 30 करोड़ 37 लाख, 77 हजार 500 रुपए (11.97 फीसदी) अधिक है। प्रदेश के कुछ जिले में अभी भी शराब दुकानों के सौ फीसदी टैंडर नहीं हुए हैं। बैतूल जिले में सभी सौ फीसदी टैंडर होने के साथ ही गत वर्ष से लगभग 12 फीसदी अधिक राजस्व प्राप्त करने से बैतूल प्रदेश में चुनिंदा जिलों में शामिल हो गया है।