जबलपुर से पहुंचा इंजन, तब जाकर चली मालगाड़ी; व्यवस्था पर उठे सवाल
जबलपुर। जबलपुर रेल मंडल के अंतर्गत आने वाले सतना क्षेत्र में इंजनों के रखरखाव की व्यवस्था पर एक बार फिर सवालिया निशान लग गए हैं। औद्योगिक साइडिंग से निकलते ही मालगाड़ी का इंजन बीच रास्ते में जवाब दे गया।
जबलपुर मंडल की सक्रियता से टला संकट:
घटना की गंभीरता को देखते हुए जबलपुर मंडल के अधिकारियों ने तत्काल एक दूसरा इंजन मौके पर भेजा। नए इंजन की मदद से मालगाड़ी को खींचकर सतना स्टेशन लाया गया, जिसके बाद ही बंद फाटकों को खोला जा सका। हालांकि, स्थानीय पुलिस को ट्रैफिक व्यवस्था सुचारू करने में घंटों मशक्कत करनी पड़ी। जानकारों का कहना है कि यदि रवानगी से पहले इंजन की सही ढंग से फिटनेस जांच की जाती, तो आम नागरिकों को यह कष्ट नहीं झेलना पड़ता।

Genda Chowk Public Toilet Issue: विकास या मज़ाक? 34 लाख खर्च कर भी यात्री नाले किनारे जाने को मजबूर, गेंदा चौक शौचालय पर कब खुलेगा ताला?
RTE Betul Admission 2026: आरटीई की लोकप्रियता: बैतूल में पहले ही राउंड में भर गईं 92% सीटें, अब मात्र 177 पर मिलेगा मौका
Road Construction: युद्ध का साइड इफेक्ट: डामर की भारी कमी, शहर से गांव तक सड़कों का निर्माण अधर में लटका
Betul Mandi News: दोहरा मापदंड: बैतूल मंडी में किसानों को कार्यवाही का डर, व्यापारियों के 'कब्जे' पर प्रबंधन मौन
राशिफल 07 मई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
जनजातीय खिलाड़ियों के लिए शानदार मंच साबित हुआ खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स