Monkey Terror Ranipur: रानीपुर (राष्ट्रीय जनादेश)। ग्राम पंचायत रानीपुर इन दिनों बंदरों के भारी आतंक के साये में है। मुख्य बस स्टैंड क्षेत्र में बंदरों की टोली ने इस कदर उत्पात मचा रखा है कि व्यापारियों का धंधा करना दूभर हो गया है। स्थिति यह है कि दुकानदार अब ग्राहकों को सामान देने से ज्यादा समय बंदरों को भगाने में बिता रहे हैं। व्यापारियों को डर है कि यदि जल्द ही इन बंदरों को पकड़कर जंगल में नहीं छोड़ा गया, तो कोई बड़ी दुर्घटना घट सकती है।

नजर चूकी और माल साफ

बस स्टैंड क्षेत्र के व्यापारी सुमित राठौर, शुभम पांडे और सदन मालवीय ने अपना दर्द बयां करते हुए बताया कि वे अब अपनी दुकानों का संचालन डंडे और गुलेल के भरोसे कर रहे हैं। व्यापारियों का कहना है कि जैसे ही वे किसी ग्राहक को सामान देने में व्यस्त होते हैं, बंदरों का झुंड दुकान पर धावा बोल देता है। पलक झपकते ही बंदर बिस्किट के पैकेट, कुरकुरे, समोसे और केले लेकर रफूचक्कर हो जाते हैं। आर्थिक नुकसान के साथ-साथ अब व्यापारियों के मन में बंदरों के हमले का डर भी बैठ गया है।

स्कूली बच्चों की सुरक्षा दांव पर 

बंदरों के इस आतंक का सबसे बुरा असर स्कूली बच्चों पर पड़ रहा है। स्कूल जाने वाले छोटे-छोटे विद्यार्थी अब अकेले निकलने से कतरा रहे हैं। आलम यह है कि बच्चे अपने साथ डंडा या पत्थर लेकर चलने को मजबूर हैं ताकि बंदरों के हमले से खुद का बचाव कर सकें। अभिभावकों का कहना है कि वे हर समय बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंतित रहते हैं, क्योंकि बंदर कई बार बच्चों के हाथों से खाने-पीने की चीजें छीनने के चक्कर में उन्हें चोटिल कर देते हैं।