Mandi Bore Issue Betul: तीन दिन की छुट्टी के बाद भी मंडी से नहीं हटे बोरे, सोमवार को फिर अव्यवस्था के आसार
Mandi Bore Issue Betul: बैतूल (राष्ट्रीय जनादेश)। ऐसा लगता नहीं कि सोमवार को किसानों को पूरा मंडी परिसर खाली मिलेगा, क्योंकि बोरे उठवाने की न तो मंडी प्रबंधन की मंशा नजर आ रही है और न ही व्यापारियों की। आलम यह है कि शनिवार लगातार तीसरे दिन छुट्टी होने के बावजूद मंडी परिसर से अधिकांश बोरे नहीं हट सके हैं। अभी भी मंडी के शेड और परिसर व्यापारियों के बोरों से पटे पड़े हैं।
मंडी की सबसे बड़ी समस्या यही है कि व्यापारियों द्वारा खरीदी गई उपज का उठाव समय से नहीं किया जाता है। नियम यह है कि उपज खरीदी करने के 48 घंटे के भीतर माल का उठाव करके मंडी से बाहर ले जाना होता है। दूसरी ओर मंडी में इस नियम का पालन कतई नहीं होता। व्यापारियों द्वारा उपज की खरीदी करने के बाद लंबे समय तक बोरे मंडी में ही रखे जाते हैं।
अब व्यापारियों द्वारा सीधा यह फंडा अपना लिया गया है कि वे मंडी परिसर को गोदाम के रूप में उपयोग करते हैं। रैक लगने पर वे सीधे मंडी से ही माल ले जाकर रैक में लोड करवा देते हैं। इससे उनकी ट्रांसपोर्टिंग और वेयरहाउस किराए की मोटी रकम की बचत हो जाती है। इस सप्ताह भी मंडी के सभी शेड और पूरे परिसर में व्यापारियों के बोरे ठंसाठंस भरे हुए थे। इससे भारी अव्यवस्था हो रही थी।
किसानों को अपना माल रखने के लिए जगह तक नहीं मिल रही थी और इधर मेन रोड पर भी रोजाना जाम की स्थिति बन रही थी। इसे लेकर भारतीय किसान संघ द्वारा धरना प्रदर्शन भी 18 मार्च को किया गया था। इस पर आश्वासन दिया गया था कि लगातार 4 दिन की छुट्टी रहने से रविवार तक सारे बोरे हटवा दिए जाएंगे। हालांकि जिस रफ्तार से मंडी से बोरे उठाए जा रहे हैं, उसे देखकर लगता नहीं कि रविवार शाम तक सारे बोरे हट पाएंगे। शनिवार दोपहर बाद तक भी मंडी परिसर और शेडों में हजारों बोरे रखे हुए थे।
यहां देखकर ऐसा लग भी नहीं रहा था कि उन्हें हटाने की कोई कोशिश की जा रही है। यदि मंडी प्रबंधन चाहता तो लगातार 3 दिनों की छुट्टी में यह सारे बोरे हटाए जा सकते थे। अब छुट्टी का महज एक दिन रविवार भर बचा है और जिस रफ्तार से बोरे हट रहे हैं, उन्हें देख कर लगता नहीं कि यह सारे बोरे कल तक हट जाएंगे। ऐसे में सोमवार से फिर अव्यवस्था की स्थिति बनना तय है। इस संबंध में मंडी सचिव का कहना है कि रविवार शाम तक सारे बोरे हटवा लिए जाएंगे। यदि व्यापारी बोरे नहीं हटाते हैं तो जुर्माना लगाया जाएगा।
