Amla School Exam Negligence: आमला (राष्ट्रीय जनादेश)। सामान्य दिनों में तो दूर, परीक्षा के समय भी शिक्षा विभाग का अमला गंभीरता से अपनी ड्यूटी करता नजर नहीं आ रहा है। विकासखंड के ग्राम मंडाई स्थित शासकीय प्राथमिक शाला में आज यही नजारा देखने को मिला। यहां बच्चे परीक्षा देने पहुंचे तो स्कूल के ऑफिस का ताला ही नहीं खुला था। शिक्षिकाएं स्कूल पहुंची ही नहीं थी। बच्चों को ऐसे में 4 घंटे इंतजार करना पड़ा। सूचना पर पहुंचे अधिकारियों ने ताला खुलवाकर परीक्षा कराई। ग्रामीणों ने दोनों शिक्षिकाओं को हटाने की मांग की है। 

इन दिनों प्रथामिक स्तर की वार्षिक परीक्षा हो रही है। शनिवार भी कक्षा 3 री तथा 4 थी का पेपर था। परीक्षा का समय सुबह 10 से 12.30 तक है। इसलिए स्कूल के बच्चे सुबह 9 बजे ही स्कूल परिसर पहुंच गए। बच्चे इंतजार करते रहे और जब 10 बज गए तो परीक्षार्थी स्कूल के अंदर पहुंच गए। समय बीतते रहा और 11 बज गए, लेकिन किसी को समझ नहीं आ रहा था कि आखिर परीक्षा शुरू क्यों नहीं हो रही है। धीरे-धीरे यह बात ग्राम तक फैल गई और बच्चों के पालकों को भी इस बारे में जानकारी मिली। ग्रामीण स्कूल पहुंचे तो देखा कि स्कूल के ऑफिस में ताला बंद है और स्कूल के स्टाफ के बीच चाबी को लेकर विवाद चल रहा है। 

विभागीय अधिकारियों को दी सूचना 

यह हाल देखकर ग्रमीणों ने स्कूल के बाहर प्रदर्शन किया और शिक्षा विभाग के अधिकारियों को भी सूचना दी गई। सूचना मिलते ही विभाग की टीम मौके पर पहुंची। ऑफिस का ताला दोपहर 1 बजे खुलवाया गया और परीक्षा शुरू हुई। बताया जाता है कि स्कूल में पदस्थ एक शिक्षिका ने जन शिक्षा केंद्र प्रभारी से भी अभद्रता की थी। स्कूल के स्टाफ के रवैये से ग्रामीण काफी नाराज हैं।

दूसरे शिक्षकों को किया जाएं पदस्थ

ग्रामीण घनश्याम विश्वकर्मा, आनंद मगरदे, शारदा मगरदे, ललित यदुवंशी, हरिराम मगरदे ने बताया कि आज 4 घण्टे तक बच्चे परेशान हुए। स्कूल की शिक्षिकाओं के कारण शिक्षा का स्तर भी गिर रहा है। हमेशा विवाद ही होता रहता है। शिक्षा विभाग इस ओर ध्यान दें और दोनों शिक्षिकाओं को मंडाई स्कूल से हटाकर दूसरे शिक्षकों को भेजा जाएं। ग्रामीण सुरेश चौहान ने कहा कि बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ हो रहा है। इसमें शिक्षा विभाग की लापरवाही है। जल्द विभाग ने कुछ नहीं किया तो आंदोलन किया जाएगा। 

इनका कहना...

सूचना मिलते ही एक टीम को स्कूल भेजा था। ऑफिस का ताला खुलवाकर पेपर शुरू करवा दिए गए। पंचनामा भी बनाया गया है। जांच रिपोर्ट वरिष्ठ कार्यलय को भेजी जा रही है। 
मनीष धोटे, बीआरसीसी, आमला