Betul Farmers Loan Interest: 15 मार्च की डेडलाइन से पहले बढ़ी किसानों की चिंता: 50 हजार किसानों पर 208 करोड़ कर्ज, 7% ब्याज का खतरा
Betul Farmers Loan Interest: बैतूल (राष्ट्रीय जनादेश)। प्रमुख रबी फसल गेहूं और चना की कटाई का काम अभी शुरूआती चरण में है। रबी फसलों में अभी सिर्फ सरसो की ही कटाई हो पाई है। रबी फसल पककर बिकने में अभी लगभग एक माह का समय है। ऐसे में जिले के लगभग 50 हजार किसानों द्वारा खरीफ फसलों के लिए लिए गए लगभग 208 करोड़ रुपये पर 7 प्रतिशत ब्याज की तलवार लटक रही है।
किसानों द्वारा यदि 15 मार्च तक उक्त राशि सहकारी बैंक में जमा नहीं की गई तो उन्हें जीरो प्रतिशत ब्याज योजना का लाभ नहीं मिलेगा। वहीं उनके द्वारा जिस तारीख से कर्ज लिया गया है, तभी से 15 मार्च तक 7 प्रतिशत और 15 मार्च के बाद 12 प्रतिशत ब्याज चुकाना होगा। किसानों और जनप्रतिनिधियों ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से खरीफ फसलों की ड्यू डेट 15 मार्च से बढ़ाकर 15 अप्रैल करने की मांग की है ताकि गेहूं-चना बेचकर वे आसानी से कर्ज जमा कर सके और 7 प्रतिशत ब्याज से बच जाएं।
किसानों को दो बार मिलता है कर्जा
सरकार द्वारा किसानों को रबी सीजन और खरीफ सीजन के लिए जीरो प्रतिशत ब्याज दर पर कर्ज मिलता है। खरीफ सीजन के लिए 1 अप्रैल से30 सितंबर तक लिए गए कर्ज को 15 मार्च तक जमा करने पर जीरो प्रतिशत ब्याज लगता है। रबी फसलों के लिए 1 अक्टूबर से 31 मार्च तक कर्ज मिलता है जिसे 15 जून तक जमा करने पर कोई ब्याज नहीं लगता है।
363 करोड़ में से 155 करोड़ ही जमा
जिले में सहकारी समितियों के माध्यम से गत वर्ष 1 अप्रैल से 30 सितंबर तक खरीफ फसलों के लिए लगभग 81 हजार किसानों ने 363 करोड़, 96 लाख रुपये का कर्ज लिया था। खरीफ फसलों का कर्ज जमा करने की ड्यू डेट 15 मार्च 2026 निर्धारित की गई है। जिला सहकारी केंद्रीय बैंक से मिली जानकारी के अनुसार 28 फरवरी तक इसमें से लगभग 31 हजार किसान 155 करोड़ 22 लाख रुपये का कर्ज जमा कर चुके हैं, जिन्हें जीरो प्रतिशत ब्याज का लाभ मिल गया है। 15 मार्च तक जो किसान कर्ज की पूरी राशि भर देंगे, उन्हें भी जीरो प्रतिशत ब्याज का लाभ मिल जाएगा।
208 करोड़ रुपये अभी भी है बाकी
जिले में 28 फरवरी तक लगभग 50 हजार किसानों पर करीब 208 करोड़ रुपये का खरीफ फसलों का कर्ज बाकी है, जिसे 15 मार्च तक जमा करना है। 28 फरवरी से 15 मार्च तक भी कुृछ किसानों ने कर्ज जमा किया है। लेकिन, जो किसान 15 मार्च तक कर्ज जमा नहीं कर पाएंगे, उन्हें कर्ज लेने की तारीख से 15 मार्च तक 7 फीसदी ब्याज लगेगा। वहीं 15 मार्च से कर्ज जमा करने की तारीख तक 12 फीसदी ब्याज चुकाना होगा। ऐसे में जो किसान 15 मार्च तक कर्ज की राशि जमा नहीं कर पाएंगे, उन्हें जीरो प्रतिशत ब्याज का लाभ नहीं मिलेगा।
फसलें खेत में, कैसे चुकाएंगे कर्ज
वर्तमान में गेहूं की अधिकतर फसल खेत में ही है। चना की कटाई का काम शुरूआती चरण में है। सिर्फ सरसो की ही कटाई हुई है, लेकिन वह भी सूखी नहीं है। ऐसे में किसानों के पास 15 मार्च तक कर्ज जमा करने की गुंजाइश नहीं है। पूर्व विधायक एवं जिला पंचायत सदस्य मंगलसिंह धुर्वे सहित अन्य जनप्रतिनिधियों और किसानों ने मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से खरीफ फसलों का कर्ज जमा करने की ड्यू डेट 15 मार्च से बढ़ाकर 15 अप्रैल करने की मांग की है।

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