Betul Cricket Stadium Project: हेमंत खंडेलवाल के ड्रीम प्रोजेक्ट पर नपा की सुस्ती, एक महीने बाद भी क्रिकेट स्टेडियम का रेट अप्रूवल अटका
Betul Cricket Stadium Project: बैतूल (राष्ट्रीय जनादेश)। यूं तो इस परिषद की शुरूआत से ही बैतूल नगर पालिका भगवान भरोसे चल रही है। यहां आम आदमी तो अपनी समस्याओं को लेकर परेशान होता ही है, लेकिन अब नगर पालिका बेखौफ और बेलगाम भी हो गई है। इसका प्रमाण यह है कि यहां भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष और बैतूल विधायक हेमंत खंडेलवाल के ड्रीम प्रोजेक्ट तक को खास तवज्जो नहीं मिल रही है। उनके विशेष प्रयासों से मिले क्रिकेट स्टेडियम और सिंथेटिक एथलेटिक ट्रैक प्रोजेक्ट के लिए टेंडर हुए करीब एक महीने का समय हो चुका है। इसके बावजूद आज तक इसके रेट अप्रूवल (दर की स्वीकृति) नहीं हो पाए हैं। इससे यह महत्वपूर्ण काम शुरू नहीं हो पाए हैं।
बैतूल जिले के खिलाड़ियों को राष्ट्रीय स्तर की खेल सुविधाएं मुहैया करवाना विधायक श्री खंडेलवाल की प्राथमिकता है। अपनी इसी प्राथमिकता को साकार करते हुए उन्होंने मुख्यमंत्री की विशेष निधि (सीएम मॉनिट) से बैतूल में राष्ट्रीय स्तर का क्रिकेट स्टेडियम स्वीकृत करवाया है। यह स्टेडियम साढ़े 4 करोड़ रुपये की राशि से बनना है। इसके अलावा पुलिस ग्राउंड पर 40 लाख रुपये की लागत से 5 लेन सिंथेटिक एथलेटिक ट्रैक भी बनना है। यह दोनों बड़े कार्य जब से स्वीकृत हुए हैं तब से खिलाड़ियों की खुशी का ठिकाना नहीं है। हर कोई उम्मीद लगाए हुए हैं कि यह काम पूरे होते ही उन्हें बैतूल में ही राष्ट्रीय स्तर की खेल सुविधाएं मिल सकेगी, लेकिन बैतूल नगर पालिका उनकी उम्मीदों की राह में रोड़ा बन रही है।
रेट अप्रूवल को मुहूर्त का इंतजार
इस प्रोजेक्ट को मंजूरी मिलने के बाद टेंडर की प्रक्रिया तो दिसंबर में शुरू हो गई थी और टेंडर की सारी प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद अब केवल रेट अप्रूवल भर होना है। रेट अप्रूवल होते ही वर्क ऑर्डर जारी हो जाता और ठेकेदार काम शुरू कर देता, लेकिन एक महीने से अधिक का समय होने के बावजूद आज तक रेट अप्रूव ही नहीं हो सके हैं। इससे आज तक न तो वर्क ऑर्डर जारी हो सका है और न ही काम शुरू हो पाया है।
रेट अप्रूवल में क्या आ रही है समस्या
रेट अप्रूवल में कोई बड़ी तकनीकी समस्या नहीं है बल्कि कारण सिर्फ यह है कि पीआईसी की बैठक ही नहीं बुलाई जा रही है। जानकारों का कहना है कि पीआईसी की बैठक में दर को स्वीकृति देने का 2 मिनट का काम है, लेकिन अभी तक बैठक बुलाने की कोई पहल ही नहीं हुई है। जिसके चलते यह महत्वपूर्ण काम अटका पड़ा है। कहा जा रहा है कि ऐसे महत्वपूर्ण कार्यों के लिए तो तुरंत बैठक रखी जानी चाहिए, ताकि इस तरह के बड़े प्रोजेक्ट का काम जल्द से जल्द चालू कराया जा सके।
क्या सम्मेलन बुलाने की पड़ेगी जरुरत
एक बात यह भी कही जा रही है कि 1 करोड़ से अधिक के कार्य की मंजूरी परिषद की बैठक में ली जा सकती है, हालांकि इस प्रोजेक्ट को लेकर जानकारों का यह कहना भी है कि चूंकि यह शासन की योजना है, इसलिए इसकी पीआईसी में भी स्वीकृति ली जा सकती है या फिर परिषद में स्वीकृति की प्रत्याशा में पीआईसी मंजूरी दे सकती है। यदि सम्मेलन भी बुलाने की जरुरत पड़े तो वह भी बुलाया जा सकता है, लेकिन उसके लिए गंभीरता दिखाने की जरुरत है। यहां इतनी बड़े प्रोजेक्ट के लिए भी कोई खास गंभीरता नजर नहीं आ रही है।
खिलाड़ियों को मिलेगी यह सुविधाएं
राष्ट्रीय स्तर के सर्व सुविधायुक्त क्रिकेट स्टेडियम में 1000 दर्शकों की क्षमता होगी। इस स्टेडियम में प्रशासनिक सह पवेलियन भवन, बाउंड्रीवॉल, फेंसिंग रिटेनिंग वॉल, कल्वर्ट, एंट्री गेट, आरसीसी ड्रेनेज, शौचालय, रेस्ट रूम, आरसीसी रोड, पार्किंग एरिया, क्रिकेट फील्ड, इलेक्ट्रिफिकेशन, स्टेडियम सीटिंग चेयर सहित अन्य निर्माण कार्य एवं व्यवस्थाएं रहेंगी। वहीं पुलिस ग्राउंड पर राष्ट्रीय गुणवत्ता मानक के एथलेटिक ट्रैक पर रनिंग कर छात्र-छात्राएं शारीरिक दक्षता परीक्षा की तैयारी कर सकेंगे। इससे एथलेटिक्स और रनिंग के खिलाड़ियों को बैतूल में ही राष्ट्रीय स्तर की सुविधा मिल सकेगी।

पीएम मोदी ने असम रैली में कसा तंज, कहा- ‘शाही परिवार के नामदार हार का शतक लगाएंगे’
Ambati Rayudu ने CSK की डेथ बॉलिंग पर उठाए सवाल, कहा- ऐसा खेल स्वीकार नहीं
Madhya Pradesh में राज्यसभा चुनाव से पहले सियासी हलचल तेज, BJP तीसरा उम्मीदवार उतार सकती है
हेमकुंड साहिब मार्ग पर बर्फ की सफेद चादर, टीम ने धाम तक पैदल निरीक्षण किया