PM Awas Yojana: पीएम आवास योजना: एमपी के बैतूल में 10800 मकानों का निर्माण ही शुरू नहीं
बैतूल (राष्ट्रीय जनादेश) (PM Awas Yojana)। कमजोर आर्थिक स्थिति वाले परिवारों का 'अपना घरÓ का सपना साकार करने में पीएम आवास योजना महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। इस योजना की बदौलत उन लोगों को पक्के मकान में रहने का सुख मिल रहा है, जो झोपड़ी में रहने को ही अपनी नियती मान बैठे थे। जिले में अभी तक 74957 परिवारों को यह सुख प्राप्त हो चुका है। हालांकि 10800 लोग ऐसे हैं जिन्होंने विभिन्न कारणों से अभी तक आवास का निर्माण प्रारंभ ही नहीं किया है।
सभी बेघर परिवारों और कच्चे तथा जीर्ण-शीर्ण मकानों में रह रहे परिवारों को बुनियादी सुविधायुक्त पक्का आवास उपलब्ध कराने के लिए 1 अप्रैल 2016 से प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) शुरू की गई है। योजना के तहत 1 लाख, 20 हजार रुपये की राशि हितग्राही को मुहैया कराई जाती है। यह राशि 4 किश्तों में दी जाती है। आवास स्वीकृति पश्चात प्रथम किश्त 25 हजार रुपये, प्लिंथ स्तर तक काम करने के पश्चात 40 हजार रुपये, लिंटल स्तर का काम होने पर 40 हजार रुपये और आवास पूर्ण करने के पश्चात 15 हजार रुपये सीधे हितग्राही के खाते में जारी किए जाते हैं।
जिले में इतने आवास हुए स्वीकृत
योजना के तहत बैतूल जिले में कुल 96275 आवास अभी तक स्वीकृत हो चुके हैं। इनमें सबसे ज्यादा 16953 आवास भीमपुर ब्लॉक में और फिर 13829 आवास भैंसदेही ब्लॉक में स्वीकृत हुए हैं। आमला ब्लॉक 10827 आवास के साथ तीसरे स्थान पर है। वहीं मुलताई ब्लॉक में सबसे कम मात्र 5111 आवास स्वीकृत हुए हैं। इनके अलावा आठनेर में 7368, बैतूल में 7498, चिचोली में 7014, घोड़ाडोंगरी में 8705, प्रभातपट्टन में 9504 और शाहपुर में 9466 आवास स्वीकृत हुए हैं।
जिले में इतने आवास हो चुके पूरे
अभी तक जिले में 74957 आवास पूरे हो चुके हैं। आवास पूरे होने के मामले में भी भीमपुर ब्लॉक अव्वल है। यहां 14827 आवास अभी तक पूरे हो चुके हैं। वहीं भैंसदेही में 10056 आवास पूर्ण हो चुके हैं। इनके अलावा आमला में 8258, आठनेर में 5915, बैतूल में 5118, चिचोली में 4621, घोड़ाडोंगरी में 7815, मुलताई में 4106, प्रभातपट्टन में 6945 और शाहपुर में 7296 आवासों का निर्माण पूरा हो चुका है।
10800 का निर्माण शुरू ही नहीं हुआ
जिले में हजारों आवासों का निर्माण अभी शुरू भी नहीं हो पाया है। कुल 10800 आवास ऐसे हैं जिनका निर्माण प्रारंभ नहीं हुआ है। इनमें कुछ को जहां राशि का इंतजार है तो कुछ को राशि मिल गई है पर कई कारणों से उन्होंने निर्माण शुरू नहीं किया है। ऐसे सबसे ज्यादा अप्रारंभ आवास भैंसदेही के हैं जिनकी संख्या 1676 है। इनके अलावा आमला में 1141, आठनेर में 662, बैतूल में 1258, भीमपुर में 998, चिचोली में 1579, घोड़ाडोंगरी में 435, मुलताई में 490, प्रभातपट्टन में 1339 और शाहपुर में 1222 आवास का निर्माण शुरू नहीं हुआ है।
इतने आवासों का काम अभी जारी
जिले में 21318 आवासों का निर्माण कार्य वर्तमान में प्रारंभ है। जल्द ही इनका निर्माण भी पूरा हो जाएगा और हितग्राहियों को पक्के आवास में रहने को मिल सकेगा। इनमें आमला में 2569, आठनेर में 1453, बैतूल में 2380, भैंसदेही में 3773, भीमपुर में 2126, चिचोली में 2393, घोड़ाडोंगरी में 890, मुलताई में 1005, प्रभातपट्टन में 2559 और शाहपुर में 2170 आवासों का निर्माण कार्य प्रारंभ है।

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